सारंगढ़-बिलाईगढ़ में अवैध प्रवासियों के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई: खुद मैदान में उतरीं प्रभारी SP निमिषा, सुबह-सुबह खंगाले कई इलाके।

सारंगढ़। सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ रखने और बाहरी संदिग्ध तत्वों पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस विभाग ने एक बड़ा अभियान छेड़ा है। जिले की प्रभारी पुलिस अधीक्षक (SP) निमिषा पाण्डेय के नेतृत्व में आज अलसुबह से ही पुलिस बल ने शहर के विभिन्न इलाकों में औचक दबिश देकर अवैध प्रवासियों और बिना सूचना रह रहे किराएदारों की सघन जांच की। इस विशेष अभियान में खुद एसपी के साथ एसडीओपी स्नेहिल साहू और कोतवाली थाना प्रभारी प्रमोद यादव सहित भारी संख्या में पुलिस बल मैदान में मुस्तैद रहा।
इन इलाकों में चला सघन जांच अभियान
पुलिस की अलग-अलग टीमों ने सुबह-सुबह ही शहर के कमलानगर, चौहान पारा पठार और जिला अस्पताल के पास स्थित मुस्लिम मोहल्ले को घेरकर जांच शुरू की। इस दौरान दिगर प्रांतों (अन्य राज्यों) और बाहरी क्षेत्रों से आकर बसे लोगों, मुसाफिरों, फेरीवालों और संदिग्ध प्रवासियों से गहन पूछताछ की गई। पुलिस ने उनके पहचान पत्रों की बारीकी से जांच की और यह पता लगाने का प्रयास किया कि वे शहर में कब से और किस उद्देश्य से रह रहे हैं।
मकान मालिकों को सख्त हिदायत और ‘प्रोफार्मा’ अनिवार्य
जांच के दौरान पुलिस ने उन मकान मालिकों से भी कड़ी पूछताछ की जिन्होंने बिना किसी पुलिस वेरिफिकेशन के बाहरी लोगों को अपने घरों में शरण दे रखी है।
कोतवाली थाना प्रभारी प्रमोद यादव ने मकान मालिकों को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि बाहर से आने वाले किसी भी व्यक्ति को कमरा किराए पर देने से पहले उसकी पूरी जानकारी पुलिस को देना अनिवार्य है। इसके लिए थाना क्षेत्र में एक विशेष प्रोफार्मा (Form) जारी किया जाता है, जिसे भरकर संबंधित किराएदार के दस्तावेजों के साथ थाने में जमा करना होगा। लापरवाही बरतने वाले मकान मालिकों पर भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
सुरक्षा के मद्देनजर रूटीन प्रक्रिया: प्रभारी एसपी
जिला बनने के बाद से ही स्थानीय स्तर पर लगातार यह शिकायतें मिल रही थीं कि शहर के कई मोहल्लों में बाहरी राज्यों और अन्य जिलों के लोग बिना किसी सूचना के किराए पर रह रहे हैं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने और सुरक्षा को चाक-चौबंद करने के लिए यह बड़ी कार्रवाई की गई है।
मामले की जानकारी देते हुए प्रभारी पुलिस अधीक्षक निमिषा पाण्डेय ने कहा, “यह एक रूटीन प्रक्रिया है, जिसके तहत समय-समय पर जिला पुलिस विभाग द्वारा प्रवासियों और किराएदारों की जांच की जाती है। इसका मुख्य उद्देश्य थाना स्तर पर सभी बाहरी लोगों का सत्यापन (वेरिफिकेशन) सुनिश्चित करना है ताकि भविष्य में किसी भी तरह की आपराधिक या अवांछित गतिविधि पर समय रहते रोक लगाई जा सके।”
आज चलाए गए इस ‘ऑपरेशन अवैध प्रवासी’ अभियान से शहर के भीतर बिना वैरिफिकेशन रह रहे लोगों और उन्हें पनाह देने वाले मकान मालिकों में हड़कंप का माहौल देखा गया। पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा के लिहाज से यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।








